इंटरनेट से मिली लड़की की चुत को चोदा

मैंने ब्रा के ऊपर से ही उसकी लिटिल लिटिल चूचियों को किस करना शुरू कर दिया. वो भी अब मज़े ले रही थी. उसने मेरी शर्ट और पैंट निकालने को कहा.

मैंने अपने कपड़े एक ही झटके में उतार दिए, अंजलि अभी भी जीन्स में थी. उसने मेरी गर्दन और छाती पर किस करना शुरू किया, मैं और भी उत्तेजित होने लगा. मैंने उसके मम्मों को तेज़ी से दबाने शुरू कर दिए तो उसके मुँह से सिसकारियां निकलने लगीं.

मैंने उसकी जीन्स भी उतार दी और उसे बेड पे लिटा दिया. वो बहुत ही सेक्सी नज़र आ रही थी.

अब वो सिर्फ़ ब्रा और पेंटी में थी और मैं सिर्फ़ अंडरवियर में था. काले रंग की ब्रा पेंटी में वो बहुत ही आकर्षक लग रही थी.

मैंने उसकी ब्रा को निकाल फेंका और उसके मम्मों को चूसना शुरू किया. उसके हिलते चूचे देख कर मुझे लग रहा था कि मैं किसी जन्नत में हूँ.

उसके मम्मों को चूसने के साथ मैं उसकी पेंटी पे हाथ फेर रहा था. अब उसे कंट्रोल करना मुश्किल हो रहा था. उसने मेरे पीठ पे नाख़ून गाड़ना शुरू कर दिया. इससे मैं और भी उत्तेजित होने लगा. मैंने उसके पेंटी और अपनी अंडरवियर निकाल फेंकी.

अब हम दोनों पूरे नंगे थे. मेरा लंड पूरा खड़ा था और उसकी चिकनी चूत देख कर झटके लगा रहा था. मैंने अंजलि का हाथ पकड़ कर अपने लंड पे रख दिया. वो थोड़ा घबराई, शायद वो पहली बार किसी का लंड छू रही थी.

मैंने उसके मम्मों को दबाना जारी रखा. उसकी चूत से पानी निकल रहा था. मैं अब धीरे धीरे नीच बढ़ने लगा. उसकी नाभि पे किस करने लगा. वो बहुत ही उत्तेजित हो रही थी, उसके मुँह से चुदास से भरी सिसकारियां निकल रही थीं. अब मुझसे भी कंट्रोल नहीं हो रहा था. वो मेरे लंड को पकड़ कर सहला रही थी. मैं उसकी चूत के पास पहुँचा और उस पर किस कर दिया.

More Sexy Stories  नौकरानी की बेटी की चुदाई

उसका पूरा शरीर कांप उठा. मैंने धीरे धीरे उसकी चूत को सहलाना शुरू किया.. चुत बहुत टाइट थी. मैंने अपने अंगूठे से चुत की चारों तरफ सहलाना शुरू किया. उसने अपनी आँखें बंद कर लीं. उसे मज़ा आ रहा था. उसकी चूत बहुत गीली हो चुकी थी.

अब मैंने एक उंगली धीरे से उसकी चूत में घुसाना चाहा, वो बहुत कसी हुई बुर थी. वो मेरी उंगली के घुसने के कारण एकदम से चिहुंक गयी.

मैंने फिर से उसके चुचे दबाने शुरू कर दिए और थोड़ी देर के बाद फिर से उंगली डालने की कोशिश की. अबकी बार चूत गीली होने की वजह से और उसके मानसिक रूप से तैयार होने की वजह से मेरी उंगली थोड़ी सी अन्दर चली गयी. मैं उंगली को अन्दर हल्के हल्के अन्दर बाहर और चारों तरफ घुमाने लगा. उसे भी अच्छा लग रहा था. उसकी चूत पावरोटी की तरह फूल गयी थी.

अब मैंने उसे चित लिटा कर उसकी टांगें फैला दीं और अपना लंड उसकी चूत के ऊपर रगड़ने लगा. हम दोनों काफ़ी उत्तेजित हो गए थे. थोड़ी देर लंड चुत पर रगड़ने के बाद मैंने अपने लंड को उसकी चूत में घुसेड़ना शुरू किया. उसकी चुत बहुत टाइट थी इसलिए मेरा लंड फिसल गया.

दोबारा मैंने कोशिश की तो अंजलि ने साथ दिया उसने अपनी टाँगों को थोड़ा उठाते हुए फैलाया. मेरा लंड एक इंच अन्दर घुस गया और उसके मुँह से एक तेज चीख निकल गई. मैंने तुरंत ही उसका मुँह अपने हाथों से बंद कर दिया. वो बिल्कुल कुँवारी थी. ये मेरा भी पहली बार था, मुझे भी दर्द महसूस हुआ. लेकिन अन्दर चूत की गर्मी से ये कम होने लगा.

हम दोनों दो मिनट तक ऐसे ही पड़े रहे. मैंने उसके मम्मों को चूसना शुरू कर दिया. अब वो दोबारा उत्तेजित होने लगी. मैंने उसकी कमर के नीचे अपना एक हाथ लगाया और लंड को धीरे धीरे हिलाने लगा. उसे अब ज़्यादा तकलीफ़ नहीं हो रही थी. थोड़ी ही देर में वो मेरा साथ देने लगी.

More Sexy Stories  गाओं मे मामी की चुदाई

अब मेरा सारा शरीर मस्ती से चुदाई कर रहा था. मैंने उसके होंठों को अपने होंठों से चूस रहा था और एक हाथ से उसके मम्मों को दबा रहा था और मेरी कमर अपना काम कर रही थी. मेरी स्पीड बढ़ने लगी और अंजलि अपने चूतड़ को नीचे से उछालने लगी.

हम दोनों एक अलग ही दुनिया में थे. जैसे लग रहा था कि भगवान ने ये पल सबसे आनन्दित पल बनाया है. उसकी अन्दर की गर्मी मेरे ऊपर हावी होने लगी मेरी स्पीड बढ़ती जा रही थी और नीचे से अंजलि पूरा साथ दे रही थी.

अब मैं अपनी चरम सीमा पर था और तभी मेरे अन्दर का लावा फूट पड़ा. मैं झटके देने लगा. मेरे वीर्य की गर्मी पाकर अंजलि भी मुझे अपने अन्दर समेटने लगी. उसकी चुत ज़ोर से सिकुड़ने लगी. मुझे ऐसा लग रहा था कि ये पल यहीं ठहर जाए. हम दोनों अपनी चरम सीमा पर पहुँच चुके थे. मैं और अंजलि दोनों बहुत खुश थे. मैंने उसे किस किया वो बहुत खुश थी. हम एक दूसरे को अपनी बांहों में लिये वैसे ही लेटे रहे और हमारी आँख लग गयी.

एक घंटे बाद फिर हम जागे तो अंजलि मेरी छाती पे किस कर रही थी. फिर हमने एक बार और इस सुख का मजा लिया. इस बार वो मेरे ऊपर आकर मुझे अपने आगोश में लिया. हमने दोनों ही बार बहुत एंजाय किया.

अब रात होने वाली थी. मैंने उसे आई-पिल और एक पेन किलर ला कर दिया. और उसे घर छोड़ कर आया.
वो बहुत खुश थी. इसके बाद हम एक दो बार और मिले, पर कभी समय नहीं मिल पाया कि उसके संग और चुदाई की जा सके.

Pages: 1 2 3