बॅंक क्लर्क को पटा कर चोदा

मैं कब दीपिका के मस्त रसीले मम्मो को सहलाने और दबाने लगा मुझे भी नही पता लगा, दीपिका ने मेरी उम्र की थी, वो भी 24 25 की थी, और मेरी तरह ही वो भी नई नई जवान माल बनी थी.

वो भी मेरी तरह चुदासी थी, इसलिए उसने मेरी किसी भी हरकत का विरोध ना किया, मैं धीरे धीरे उसके मम्मे सहलाता और दबाता चला गया, अपनी तरफ से वो पूरा सहयोग कर रही थी.

मेरा एक हाथ दीपिका की मॅक्सी में नीचे पैर के पास चला गया, मैने यूही उसकी मॅक्सी हल्की सी उपर उठाई दोस्तों, मुझपे तो बिजली ही गिर गयी, इतनी सुंदर मुलायम और चिकने पैर लड़कियों के होते है ये मुझको आज मालूम पड़ा.

1 जोड़ी सुंदर पाँव और उनकी गोल मटोल 10 उंगलियाँ, मेरा तो माता ही घूम गया, मैने सबकुछ छोड़ के दीपिका के खूबसूरत पाओं को चूम लिया, उसकी मैक्सी मैने और उपर उठा दी, उसकी टांगे बड़ी ही चिकनी चमकदार और गोरी थी.

मैने उसकी दोनों टाँगों को बारी बारी कई बार चूमा, दीपिका मुझे रोकने लगी, मैं चूत का भूखा कहाँ रुकने वाला था, मैने उसका लाल मैक्सी घुटने तक उठा दी, दीपिका के होश उड़ गए.

वो शर्म हया से मरी जा रही थी. दीपिका! इतनी हया करोगी तो कैसे चुदवाओन्गि?? मैने उसके कान में फुसफुसाकर कामुक अंदाज में कहा, बड़ी मुश्किल से उसने अपने दोनों हाथ हटाए और मुझे घुटने तक पहुचने दिया.

उसके घुटने भी दूधिया गोरे रंग के थे, मैने कुछ देर उसके रूप को निहारा और फिर दोनों घुटनों को चूम लिया, दीपिका की चूत की खुशबू मेरी नाक के नातूनों में आने लगी, जब टांगे, पैर इतने खूबसूरत है तो इन सब अंगों की रानी दीपिका की चूत कैसी होगी?? मैं मन ही मन सोचने लगा.

फिर मैने उसकी लाल मैक्सी को घुटनों के उपर तक उठा दिया, दीपिका जैसी मस्त माल की गदराई जाँघो के दर्शन हुए तो लगा की खुदा मिलने वाला है, उसकी जांघे खूब गोल गोल मांसल गदराई हुई थी, सफेद बादल जैसी गोरी जांघे सी इस माल दीपिका की, मैं पिछले 1 साल से दीपिका को पूरे कपड़ों में ही देखा था, कभी सोचा नहीं था की वो अंदर से इतनी गजब की माल होगी.

More Sexy Stories  चाची के साथ सुहागरात

दोस्तों, मैं 15 मिनट तक उसकी गोरी मस्त जाँघो का सेवन किया, सब चूमा चाटा, आख़िर मैने दीपिका की लाल मैक्सी को कमरे से उपर उठा दिया, उसने गुलाबी रंग की डिजाइन वाली पैंटी पहन रखी थी, जिस पर मिकी माउस जैसे कार्टून बने हुए थे.

मैने तुरंत उसकी पैंटी में अपनी दोनों हाथों की उंगलियाँ फसाई और नीचे खींच दी, अचानक से परदा हट गया और जिस चीज़ को देखने को मैं बेताब था, और मरा जा रहा था आख़िर वो चीज़ मिल गयी.

दीपिका जैसी मस्त माल की चूत के दर्शन हो गए, फिर उसने कहा नही रौनित !! आज नही, फिर कभी कर लेना !! नही रौनित आज नही !! दीपिका दोनो हाथों से अपनी बुर को छिपाने लगी, पर मैं चंडाल कहाँ सुनने वाला था.

मैने खिच कर उसकी पैंटी निकाल दी, दीपिका के भोसड़े को मैं पीने लगा, जिस छोटी सी चूत को देखने के लिए मैं बेक़रार था, आज वो मेरे सामने थी, मैने दीपिका की एक नही सुनी और उसकी कमर को मैं मजबूती से पकड़ लिया और उसकी बुर पीने लगा.

दोस्तों, दीपिका कुँवारी थी और बिल्कुल फ्रेश माल थी, उसने शायद पिछली रात ही अपनी झाँटे बनाईं होंगी, क्यूंकी उसकी चूत बड़ी चिकनी चमेली जैसी थी, मैं चाह कर भी अपनी नज़रे उसकी चूत से नही हटा पा रहा था.

मैं तो बिलकुल मरा जा रहा था और अपनी जीभ लपलपाकर उसकी बुर पी रहा था, दीपिका आ आहा मान ओह मान !! मान चिल्ला रही थी, मैने उसकी एक नही सुनी उसकी बुर पिता रहा, मेरा लॉडा तो जैसे क़ुतुब मीनार जैसा सीधा खड़ा हो गया था.

More Sexy Stories  दूध वाले को दुद्दू दिखा कर चुदवाया

मैने करीब 20 मिनट तो बस दीपिका की नशीली चूत का सेवन किया और आँखे बंद करके पिता रहा. फ्रेंड्स, उसके बाद मैने अपने कपड़े उतार दिए और नंगा हो गया, मैने अपनी शॅंडो बनियान भी निकाल दी, उधर मैने दीपिका की लाल मैक्सी भी निकाल दी.

उसकी ब्रा भी निकाल दी, उसकी पैंटी तो मैं बहुत पहले ही निकाल चूका था, दीपिका अब इतनी गर्म हो गयी थी की उसका बदन जल रहा था. दीपिका बेबी!! तुमको बुखार है क्या ?? मैने पूछा नही हर लड़की का बदन इसी तरह जलने लग जाता है जब वो चुदासी हो जाती है !! दीपिका ने धीरे से कहा, अब जाकर मैं समझ पाया.

अब दीपिका ने विरोध करना बंद कर दिया था, क्यूंकी कहीं ना कहीं वो भी मेरा लॅंड खाना चाहती थी, मैने उसकी दोनों गदराई दूधिया टाँगों को खोल दिया, दीपिका की चिकनी चमेली कमर के ऊपर आ गयी और मेरे सामने आ गयी.

अब मुझको और सुनहरा मौका मिल गया, मैं मस्ती से हापर हापर करके उसकी बुर का सेवन करने लगा, दीपिका गर्म गर्म आहे भरने लगी, ओह मान !! ओह मान करके गर्म सिसकारी लेने लगी, मैने आँख मूंद कर उसकी बुर पिता गया.

कुछ देर बाद दीपिका की चूत नम हो गयी और बहने लगी, मैं जान गया की लौंडिया को चोदने का सही वक्त आ गया है, मैं अपने लॅंड पर 2 4 बार मूठ देकर लॅंड पर ताव दिया, मेरा लॅंड क़ुतुब मीनार जैसा सीधा और खड़ा हो गया, मैने लॉडा दीपिका के भोसड़े के दरवाजे पर लगा दिया और ज़ोर का धक्का मारा, लॅंड उसकी सील तोड़ते हुए अंदर घुस गया, वो बिन पानी की मछली जैसी छटपटाने लगी.

Pages: 1 2 3